वर्मी कंपोस्ट की बाध्यता समाप्त करें प्रदेश सरकार : विकास मरकाम

वर्मी कंपोस्ट की बाध्यता समाप्त करें प्रदेश सरकार : विकास मरकाम

वर्मी कंपोस्ट की बाध्यता समाप्त करें प्रदेश सरकार : विकास मरकाम


धनेश्वर बंटी सिन्हा/धमतरी:-राज्य सरकार के विगत साढे  3 वर्षों के कार्यकाल में लगातार किसान विरोधी कार्य किया जा रहा है।प्रदेशभर के किसान विभिन्न समस्याओं को लेकर परेशान हैं, हालात यह है कि प्रदेश के अंदर सैकड़ों किसान आत्महत्या कर चुके हैं। प्रदेश के किसान खेती किसानी के कार्य में जुट गए हैं वहीं प्रदेश के भूपेश सरकार द्वारा किसानों को प्रति एकड़ 3 बोरी वर्मी कंपोस्ट खरीदने को बाध्य किया जा रहा है, जो कि सरकार की तानाशाही है। 

     भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष विकास मरकाम ने वर्मी कंपोस्ट की अनिवार्यता को खत्म करने और प्रदेश सरकार के इस तुगलकी फरमान को वापस लेने की मांग की है। उन्होंने अपने आप को किसान पुत्र संबोधित करवाने वाले मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि वो वाकई किसान पुत्र हैं तो किसानों की समस्या का समाधान करते हुए  वर्मी कंपोस्ट को ऐच्छिक रूप से खरीदने की छूट दे अन्यथा प्रदेश के किसान इसका प्रबल विरोध करेंगे।

   इसके साथ ही साथ प्रदेश सरकार द्वारा हाल ही में जारी राजीव गांधी न्याय योजना के अंतिम किस्त की राशि में 30 से 40% तक की कटौती करते हुए करीब 470 करोड़ की राशि किसानों को कम जारी की गई है, इस अंतर की राशि को तत्काल किसानों को दिया जाए। प्रदेश के कांग्रेस सरकार द्वारा किसानों के एक-एक दाना धान खरीदने की बात कही गई थी, रबी फसल की धान भी 2500 रुपए प्रति क्विंटल में खरीदी तत्काल प्रारंभ करें एवं विगत 2 वर्ष के बाकी बोनस भी किसानों को शीघ्र प्रदान किया जाए। राज्य सरकार द्वारा प्रतिवर्ष गिरदावरी के नाम पर किसानों के रकबा काटे जा रहे हैं, जिससे पूरे प्रदेश के किसान आक्रोशित हैं।