ई सिम के माध्यम से 35 लाख की ठगी करने वाला अंतरराष्ट्रीय थक सरगना का मुख्य सदस्य राजस्थान से गिरफ्तार

ई सिम के माध्यम से 35 लाख की ठगी करने वाला अंतरराष्ट्रीय थक सरगना का मुख्य सदस्य राजस्थान से गिरफ्तार

ई सिम के माध्यम से 35 लाख की ठगी करने वाला अंतरराष्ट्रीय थक सरगना का मुख्य सदस्य राजस्थान से गिरफ्तार


कुंसमुंडा थानेदार में निभाई अहम भूमिका


दीपक शर्मा/कोरबा:- पुलिस ने ई सिम की मदद से एसईसीएल कर्मी को 35 लाख का चूना लगाने वाले गिरोह के मुख्य सरगना को गिरफ्तार किया है, वह ठगी के अन्य मामलों में राजस्थान के केंद्रीय जेल अलवर में बंद था. पुलिस उसे प्रोडक्शन वारंट पर कोरबा ले आयी, मामले में वैधानिक कार्यवाही उपरांत आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।

    एसईसीएल दीपका कॉलोनी निवासी भगवान सिंह ने थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराया कि अलग-अलग मोबाइल नंबर के माध्यम से 14 अक्टूबर से 12 नवंबर 2000 के बीच बैंक में जमा करीब 35 लाख रुपए का आहरण अज्ञात व्यक्ति द्वारा कर लिया गया.मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू की. इस दौरान मिली जानकारी के आधार पर पुलिस की टीम अलवर राजस्थान रवाना की गई. यह टीम ठगी में संलिप्त सचिन चौधरी व एक नाबालिक को पकड़कर कोरबा ले आई.जबकि गिरोह का मास्टरमाइंड सहित अन्य आरोपी फरार हो गए उनकी तलाश की जा रही थी इस बीच पुलिस अधीक्षक ने फरार आरोपियों की पतासाजी व अग्रिम कार्यवाही की जिम्मेदारी कुसमुंडा थाना प्रभारी लीलाधर राठौर को सौंप दी.उन्होंने अपनी टीम के साथ पतासाजी शुरू की इस दौरान पता चला कि गिरोह का मास्टरमाइंड केसरोली,थाना एमआईए. जिला अलवर राजस्थान निवासी सहरुन खान 21 वर्ष सुभाष नगर थाना एनआईबी जिला अलवर राजस्थान के केंद्रीय जेल में अन्य मामलों में बंद है यह सूचना मिलते ही पुलिस की टीम कटघोरा न्यायालय से अनुमति लेकर रवाना की गई, इस टीम ने अलवर न्यायालय से गिरोह के सरगना को प्रोटेक्शन वारंट हासिल कर लिया.जब आरोपी से पूछताछ की गई तो उसने साथियों के साथ ठगी करने की बात स्वीकार की, उसके जानकारी दी कि पीड़ित के बैंक में रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर का ई सिम जारी करा कर ठगी की गई थी बरहाल पुलिस ने धारा 420, 506,34 व 66 (ग)आईटी एक्ट के तहत कार्यवाही कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।